रिपोर्ट – पवन आजाद
वाराणसी। उत्तर प्रदेश में रूफटॉप सोलर को बढ़ावा देने के लिए शुरू किया गया “सोलर दीदी” अभियान तेजी से गति पकड़ रहा है। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के नेतृत्व में यह पहल प्रधानमंत्री सूर्य घर मुफ्त बिजली योजना को घर-घर तक पहुंचाने में अहम भूमिका निभा रही है।
महिलाएं निभा रहीं अहम भूमिका:
इस अभियान के तहत वाराणसी में 111 और अयोध्या में 148 महिलाएं ‘सोलर दीदी’ के रूप में सक्रिय हैं। ये महिलाएं लोगों को सौर ऊर्जा के प्रति जागरूक करने के साथ-साथ इंस्टॉलेशन और मेंटेनेंस तक में सहयोग कर रही हैं। उन्हें शहरी निकायों की ओर से हर महीने 1000 रुपये का प्रोत्साहन भी दिया जा रहा है।
कई शहरों में चल रही चयन प्रक्रिया: लखनऊ, कानपुर, अयोध्या, प्रयागराज और वाराणसी जैसे शहरों में स्वयं सहायता समूह (SHG) की महिलाओं को ‘सोलर दीदी’ के रूप में चुना जा रहा है। यह पहल दीनदयाल अंत्योदय योजना-राष्ट्रीय शहरी आजीविका मिशन और नवीन एवं नवीकरणीय ऊर्जा मंत्रालय के सहयोग से लागू की जा रही है।
7 दिन का विशेष प्रशिक्षण:
महिलाओं को तकनीकी रूप से सक्षम बनाने के लिए 7 दिवसीय प्रशिक्षण कार्यक्रम चलाया जा रहा है। प्रशिक्षण के बाद महिलाएं सहायक और तकनीशियन के रूप में काम करने में सक्षम हो रही हैं।
SHG नेटवर्क से बढ़ेगी पहुंच:
प्रदेश के मजबूत स्वयं सहायता समूह नेटवर्क के जरिए यह अभियान गांव और शहर दोनों क्षेत्रों में तेजी से फैल रहा है। सिटी लेवल और एरिया लेवल फेडरेशन को भी विक्रेता के रूप में विकसित किया जा रहा है, जिससे इंस्टॉलेशन और सेवा वितरण में तेजी आएगी।
🌱 स्वच्छ ऊर्जा और महिला सशक्तीकरण की दिशा में बड़ा कदम:
यूपी नेडा के अनुसार, ‘सोलर दीदी’ मॉडल से न सिर्फ योजना के लक्ष्य तेजी से पूरे होंगे, बल्कि महिला सशक्तीकरण, जनभागीदारी और सामाजिक विश्वास को भी नई मजबूती मिलेगी। यह पहल उत्तर प्रदेश को स्वच्छ ऊर्जा के क्षेत्र में अग्रणी बनाने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम साबित हो रही है।
