प्रयागराज: महाकुंभ की तर्ज पर आयोजित हो रहा माघ मेला, जिसे मिनी कुंभ के नाम से भी जाना जा रहा है, इस बार सुविधाओं के मामले में नया इतिहास रच रहा है। मेला प्रशासन ने श्रद्धालुओं की सुविधा को सर्वोच्च प्राथमिकता देते हुए ऐसी पहल की है, जो अब तक किसी भी मेला आयोजन में देखने को नहीं मिली।
महामाघ मेले में आने वाले करोड़ों श्रद्धालुओं, पर्यटकों, खासकर बुजुर्गों और दिव्यांगों के लिए मेला प्रशासन ने गोल्फ कार्ट सेवा की शुरुआत की है। अब श्रद्धालुओं को संगम स्नान और मेला भ्रमण के लिए कई किलोमीटर पैदल नहीं चलना पड़ेगा।
पिछले महाकुंभ में लंबी दूरी पैदल चलने की मजबूरी से श्रद्धालु परेशान रहे थे और कई जगहों पर ट्रॉली व ठेला चालकों द्वारा मनमाना किराया वसूला गया। इसी अनुभव को ध्यान में रखते हुए इस बार मेला प्रशासन ने ठोस कदम उठाया है।
गोल्फ कार्ट के माध्यम से श्रद्धालु काली मार्ग पार्किंग स्थल से सीधे संगम, बड़े हनुमान मंदिर और अक्षय वट तक पहुंच सकेंगे। दर्शन-पूजन के बाद श्रद्धालु उसी गोल्फ कार्ट से सुरक्षित और आरामदायक तरीके से वापस लौट सकेंगे।

उदय शिंदे ने बताया कि माघ मेले में यह व्यवस्था मेला प्रशासन और उत्तर प्रदेश सरकार की एक महत्वपूर्ण पहल है। हमारा उद्देश्य है कि बुजुर्ग श्रद्धालुओं को पैदल न चलना पड़े और वे आराम से पूरे मेले का भ्रमण कर सकें। श्रद्धालुओं की सुविधा ही हमारी पहली प्राथमिकता है।”
गोल्फ कार्ट अत्याधुनिक सस्पेंशन और कंफर्ट मोड से लैस हैं, जिससे बुजुर्ग, दिव्यांग और विदेशी पर्यटकों को सुरक्षित और सहज यात्रा का अनुभव मिलेगा।
