रिपोर्ट – पवन आजाद
वाराणसी। काशी हिंदू विश्वविद्यालय (BHU) के स्थापना दिवस के पावन अवसर पर विश्वविद्यालय परिसर भक्ति और ज्ञान की गंगा में सराबोर नजर आया। इस खास मौके पर वैदिक विज्ञान केंद्र द्वारा एक भव्य झांकी निकाली गई, जो आकर्षण का मुख्य केंद्र रही।

प्राचीन भारतीय ज्ञान-परंपरा को जीवंत करते हुए इस झांकी में केंद्र के छात्र-छात्राएं पुरातन ऋषि-मुनियों और विदुषियों के भेष में दिखाई दिए। केसरिया वस्त्र, रुद्राक्ष की माला और माथे पर त्रिपुंड लगाए इन विद्यार्थियों ने कैंपस में ऐसा वातावरण निर्मित किया जैसे मानो प्राचीन काल का कोई गुरुकुल साक्षात उतर आया हो।
झांकी में शामिल रहे प्रमुख विद्यार्थी
वैदिक विज्ञान केंद्र की इस गौरवशाली प्रस्तुति में विभाग के निम्नलिखित छात्र-छात्राओं ने उत्साहपूर्वक भाग लिया:
छात्र: वी.के. कौशल, पवन, तजश, तेजस्वी, देवेंद्र, पंकज, विशाल और शाश्वत।
छात्राएं: आस्था और राजश्री।
परंपरा और आधुनिकता का संगम
स्थापना दिवस के उपलक्ष्य में निकाली गई इस झांकी का उद्देश्य आधुनिक युग में वैदिक विज्ञान की प्रासंगिकता को दर्शाना था। केंद्र के इस प्रयास की शिक्षकों और दर्शकों ने जमकर सराहना की। उपस्थित लोगों का कहना था कि महामना की बगिया में इस तरह के आयोजन नई पीढ़ी को अपनी जड़ों और गौरवशाली इतिहास से जोड़ने का बेहतरीन माध्यम हैं।
झांकी के दौरान ‘हर-हर महादेव’ और ‘महामना’ के जयघोष से पूरा मार्ग गूंज उठा।
