BHU में तीसरे दिन भी हाई अलर्ट, सिंहद्वार और विश्वनाथ मंदिर पर कड़ी सुरक्षा, ड्रोन कैमरों से रखी गई नजर
वाराणसी। काशी हिंदू विश्वविद्यालय (बीएचयू) परिसर में छात्रों के आंदोलन को देखते हुए बुधवार को लगातार तीसरे दिन भी सुरक्षा व्यवस्था कड़ी रही। विश्वविद्यालय के मुख्य प्रवेश द्वार सिंहद्वार, विश्वनाथ मंदिर परिसर और आसपास के संवेदनशील इलाकों में बड़ी संख्या में पुलिस और पीएसी के जवान तैनात किए गए। सुबह से ही पुलिस अधिकारियों की मौजूदगी बनी रही और पूरे दिन सुरक्षा व्यवस्था पर विशेष नजर रखी गई।
बुधवार सुबह पुलिस के वरिष्ठ अधिकारी सिंहद्वार पहुंचे और सुरक्षा व्यवस्था का जायजा लिया। डीसीपी और एसीपी ने मौके पर मौजूद पुलिसकर्मियों के साथ बैठक कर आवश्यक दिशा-निर्देश दिए। अधिकारियों ने ड्यूटी पर तैनात जवानों को हर गतिविधि पर नजर रखने, आने-जाने वाले लोगों की जांच करने और किसी भी संदिग्ध गतिविधि की जानकारी तत्काल उच्च अधिकारियों तक पहुंचाने के निर्देश दिए। इसके बाद अधिकारियों ने आसपास के क्षेत्रों का निरीक्षण भी किया।

विश्वविद्यालय के मुख्य प्रवेश द्वार पर अतिरिक्त बैरिकेडिंग की गई थी। पुलिस बल को इस तरह तैनात किया गया कि किसी भी स्थिति में भीड़ एकत्र न हो सके। प्रशासन ने पहले ही स्पष्ट कर दिया है कि बीएचयू सिंहद्वार पर किसी भी राजनीतिक दल, छात्र संगठन या अन्य समूह को धरना-प्रदर्शन की अनुमति नहीं दी जाएगी। इसी कारण मुख्य गेट के आसपास सुरक्षा व्यवस्था पहले से अधिक सख्त रखी गई।
सुरक्षा व्यवस्था में इस बार तकनीक का भी व्यापक उपयोग किया गया। पुलिस ने सिंहद्वार और उसके आसपास के क्षेत्रों की निगरानी ड्रोन कैमरों से की। ड्रोन के जरिए पूरे इलाके की गतिविधियों पर लगातार नजर रखी गई ताकि कहीं भी भीड़ जुटने या किसी तरह की हलचल होने पर तत्काल कार्रवाई की जा सके। इसके अलावा परिसर और आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज पर भी पुलिस की लगातार निगरानी बनी रही
विश्वनाथ मंदिर परिसर में भी सुरक्षा बढ़ा दी गई। मंदिर में दर्शन के लिए आने वाले श्रद्धालुओं और विश्वविद्यालय में प्रवेश करने वाले छात्रों पर पुलिस की विशेष नजर रही। प्रवेश करने वाले लोगों की जांच की गई और सुरक्षा कर्मियों ने पूरे क्षेत्र में लगातार गश्त की। मंदिर परिसर और आसपास किसी भी तरह की अव्यवस्था न हो, इसके लिए अतिरिक्त पुलिस बल की तैनाती की गई थी।https://youtu.be/M2mkD74SeH8?si=wGBIjPosu1muA2fG
बीएचयू परिसर के भीतर भी पुलिस और विश्वविद्यालय प्रशासन लगातार हालात पर नजर बनाए हुए हैं। पिछले दो दिनों से छात्रों के आंदोलन के कारण प्रशासन पूरी तरह सतर्क है। किसी भी अप्रिय स्थिति से बचने के लिए सुरक्षा व्यवस्था को पहले से अधिक मजबूत किया गया है। विश्वविद्यालय के विभिन्न प्रवेश मार्गों और प्रमुख स्थानों पर भी पुलिस की मौजूदगी देखी गई।
सुरक्षा व्यवस्था के दौरान छात्रों और आम लोगों की आवाजाही सामान्य रूप से जारी रही। पुलिसकर्मी लोगों को आवश्यक दिशा-निर्देश देते रहे और यातायात व्यवस्था को भी सुचारु बनाए रखा गया। अधिकारियों का कहना है कि सुरक्षा व्यवस्था केवल एहतियात के तौर पर बढ़ाई गई है ताकि विश्वविद्यालय परिसर में शांति और कानून-व्यवस्था बनी रहे।

गौरतलब है कि बीएचयू में पिछले दो दिनों से विभिन्न मांगों को लेकर छात्र आंदोलन कर रहे हैं। इसी को देखते हुए जिला प्रशासन और विश्वविद्यालय प्रशासन लगातार स्थिति की समीक्षा कर रहे हैं। फिलहाल परिसर में शांति बनी हुई है, लेकिन किसी भी संभावित स्थिति से निपटने के लिए पुलिस पूरी तरह मुस्तैद है।
प्रशासन का कहना है कि कानून-व्यवस्था बनाए रखना सर्वोच्च प्राथमिकता है और किसी भी प्रकार की अव्यवस्था फैलाने की अनुमति नहीं दी जाएगी। विश्वविद्यालय परिसर में सुरक्षा व्यवस्था आगामी दिनों में भी हालात के अनुसार जारी रखी जाएगी।
बीएचयू में छात्र आंदोलन के बीच तीसरे दिन भी हाई अलर्ट रहा। सिंहद्वार और विश्वनाथ मंदिर परिसर में भारी पुलिस बल तैनात रहा, जबकि ड्रोन कैमरों से पूरे क्षेत्र की निगरानी की गई।
