वाराणसी। IIT – BHU स्कूल ऑफ बायोकेमिकल इंजीनियरिंग के सहायक प्राध्यापक डॉ. आदित्य कुमार पाधी का चयन वर्ष 2026 के लिए भारतीय राष्ट्रीय विज्ञान अकादमी के प्रतिष्ठित INSA यंग एसोसिएट (INSA-YA) के रूप में किया गया है। उनका चयन “बायोमॉलिक्यूलर, स्ट्रक्चरल बायोलॉजी एंड ड्रग डिस्कवरी” श्रेणी में हुआ है।
संस्थान के अनुसार, इस वर्ष राष्ट्रीय स्तर पर इस श्रेणी में चयनित होने वाले डॉ. पाधी एकमात्र शोधकर्ता हैं। साथ ही, IIT (BHU) से भी इस सम्मान के लिए चयनित होने वाले वे अकेले वैज्ञानिक हैं, जिससे संस्थान को राष्ट्रीय स्तर पर गौरव प्राप्त हुआ है।
डॉ. पाधी का शोध कार्य कम्प्यूटेशनल बायोलॉजी, स्ट्रक्चरल एवं ट्रांसलेशनल बायोइन्फॉर्मेटिक्स, कम्प्यूटेशनल बायोफिजिक्स और एआई/एमएल आधारित ड्रग डिस्कवरी जैसे उन्नत क्षेत्रों पर केंद्रित है। उनके शोध में प्रोटीन डिज़ाइन, मॉलिक्यूलर डायनेमिक्स सिमुलेशन, मशीन लर्निंग और प्रेडिक्टिव मॉडलिंग जैसी आधुनिक तकनीकों का उपयोग किया जाता है।
उन्होंने SARS-CoV-2 के विकास और चिकित्सीय प्रतिरोध को समझने में महत्वपूर्ण योगदान दिया है। उनका शोध संक्रामक रोगों, एंटीमाइक्रोबियल रेजिस्टेंस और डेटा-आधारित चिकित्सीय विकास जैसे क्षेत्रों में नई संभावनाएं खोल रहा है।
संस्थान परिवार ने डॉ. पाधी को इस उपलब्धि पर बधाई देते हुए उनके उज्ज्वल वैज्ञानिक भविष्य की कामना की है।
