रिपोर्ट : आर.के. गुप्ता
वाराणसी : आराजी लाइन ब्लॉक में मनरेगा के तहत लंबित भुगतान को लेकर ग्राम प्रधानों में तीव्र नाराजगी देखने को मिल रही है। शुक्रवार को ब्लॉक अध्यक्ष मुकेश पटेल की अध्यक्षता में आयोजित बैठक में क्षेत्र के सभी प्रधान शामिल हुए और भुगतान में हो रही देरी पर कड़ा विरोध जताया।
बैठक में प्रधानों ने बताया कि मनरेगा के तहत सामग्री और मजदूरी का भुगतान पिछले करीब दो वर्षों से लंबित है, जिससे उनकी आर्थिक स्थिति पर गंभीर असर पड़ा है। कई प्रधान कर्ज के बोझ तले दब चुके हैं, जबकि उन्होंने सरकारी योजनाओं को धरातल पर उतारने में अपनी पूरी जिम्मेदारी निभाई है।
प्रधानों के अनुसार, जनपद में लगभग 20 से 25 करोड़ रुपये तक का भुगतान बकाया है, जो मनरेगा अधिनियम के प्रावधानों के विपरीत है। इसको लेकर बैठक में गहरी चिंता व्यक्त की गई।
ब्लॉक अध्यक्ष मुकेश पटेल ने चेतावनी देते हुए कहा कि यदि जल्द भुगतान नहीं हुआ तो प्रधान लोकतांत्रिक तरीके से विरोध प्रदर्शन करने को मजबूर होंगे। उन्होंने यह भी कहा कि प्रधानमंत्री के वाराणसी दौरे के दौरान प्रधान अपना आक्रोश सार्वजनिक रूप से जता सकते हैं।
प्रधानों ने शासन-प्रशासन से मांग की है कि लंबित भुगतान को तत्काल प्रभाव से जारी कराया जाए, ताकि विकास कार्य प्रभावित न हों और जनहित बना रहे। साथ ही उन्होंने स्पष्ट किया कि उनका उद्देश्य टकराव नहीं, बल्कि अपने अधिकारों के लिए न्याय प्राप्त करना है।
