रिपोर्ट – पवन आजाद
वाराणसी। चैत्र मास की प्रथम एकादशी कामदा एकादशी के पावन अवसर पर नमामि गंगे गंगा विचार मंच महानगर की ओर से काशी के पवित्र आदिकेशव घाट स्थित नक्षतेश्वर व वेदेश्वर महादेव मंदिर परिसर में विशेष स्वच्छता अभियान चलाया गया। इस दौरान श्रद्धालुओं ने श्रमदान कर मंदिर परिसर की सफाई की तथा विधिवत पूजन-अर्चन कर हरि-हर की सेवा उपासना की।

कार्यक्रम का उद्देश्य आस्था के साथ स्वच्छता और पर्यावरण संरक्षण के संदेश को जन-जन तक पहुंचाना रहा। आयोजकों ने अपील की कि धार्मिक अनुष्ठानों के बाद पूजन सामग्रियों, निर्माल्य, खंडित प्रतिमाओं और फोटो फ्रेम आदि को नदियों में प्रवाहित न किया जाए, बल्कि उनके निस्तारण के लिए प्रकृति के अनुकूल व्यवस्थाएं अपनाई जाएं।
रविवार को आयोजित इस सेवा कार्यक्रम में जिला संयोजक शिवम अग्रहरि के संयोजन में नमामि गंगे की टीम ने घंटों श्रमदान कर मंदिर प्रांगण को गंगाजल से धोकर स्वच्छ बनाया। इसके बाद पंचदेवों के विग्रहों का स्नान कराया गया और विधिवत आरती उतारी गई। श्रद्धालुओं ने रुद्राष्टकम और गंगाष्टकम का सामूहिक गायन कर भगवान हरि-हर का स्तुतिगान किया, जिससे पूरे परिसर में भक्ति और आध्यात्मिक वातावरण व्याप्त हो गया।
इस अवसर पर शिवम अग्रहरि ने कहा कि आस्था में स्वच्छता का समावेश होना आवश्यक है। धार्मिक तीर्थ केवल पूजा-अर्चना के स्थान ही नहीं, बल्कि संस्कार और पर्यावरण संरक्षण के केंद्र भी बनने चाहिए। प्रत्येक पूजन विधि हमारी धरोहरों के संरक्षण का संदेश दे और धार्मिक मान्यताएं रूढ़िवादिता से हटकर प्रकृति के प्रति संवेदनशील बनें, यही इस अभियान का उद्देश्य है।
सेवाकार्य के दौरान सत्यप्रकाश कुशवाहा, जय विश्वकर्मा, किरण पांडेय, सपना वर्मा, शिवा, आयुष त्रिपाठी सहित कई नेमी श्रद्धालु उपस्थित रहे और सभी ने मिलकर स्वच्छता एवं पर्यावरण संरक्षण का संकल्प लिया।
