जन्माष्टमी पर दुर्गाकुंड स्थित मंदिर में वैदिक मंत्रोच्चार के बीच हुआ पूजन-अर्चन, नगर आयुक्त अक्षत वर्मा ने काशी की सुख-समृद्धि और जनकल्याण की कामना की
वाराणसी। कृष्ण जन्माष्टमी के पावन पर्व पर दुर्गाकुंड स्थित इस्कॉन मंदिर में भक्तिभाव और आध्यात्मिक उल्लास का माहौल रहा। जन्माष्टमी के अवसर पर वाराणसी के नगर आयुक्त अक्षत वर्मा भी मंदिर पहुंचे। उन्होंने भगवान श्रीकृष्ण और राधा रानी के दर्शन-पूजन कर विधि-विधान के साथ उनका पंचामृत स्नान एवं अभिषेक कराया।
मंदिर में पुजारियों की मौजूदगी में वैदिक मंत्रोच्चार के बीच पूजन-अर्चन संपन्न हुआ। नगर आयुक्त ने भगवान श्रीकृष्ण से काशी में सुख-शांति, समृद्धि और जनकल्याण की कामना की। जन्माष्टमी के अवसर पर मंदिर में विशेष धार्मिक अनुष्ठानों का आयोजन किया गया, जिसमें बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं ने हिस्सा लिया।
फूलों और रोशनी से सजा इस्कॉन मंदिर
जन्माष्टमी को लेकर दुर्गाकुंड स्थित इस्कॉन मंदिर को आकर्षक ढंग से सजाया गया था। मंदिर परिसर फूलों और विद्युत झालरों से जगमगा रहा था। भगवान श्रीकृष्ण के दर्शन और जन्मोत्सव में शामिल होने के लिए सुबह से ही श्रद्धालुओं के पहुंचने का सिलसिला जारी रहा।

मंदिर परिसर में भजन-कीर्तन और धार्मिक आयोजनों के चलते वातावरण पूरी तरह भक्तिमय नजर आया। श्रद्धालु राधे-कृष्ण के जयकारे लगाते हुए भगवान के दर्शन करते रहे।
नगर आयुक्त ने व्यवस्थाओं का लिया जायजा
पूजन-अर्चन के बाद नगर आयुक्त अक्षत वर्मा ने मंदिर परिसर की व्यवस्थाओं का भी जायजा लिया। उन्होंने श्रद्धालुओं की सुविधा, सुरक्षा और सुचारु दर्शन को लेकर की गई व्यवस्थाओं को देखा।

जन्माष्टमी के चलते मंदिर में श्रद्धालुओं की भीड़ को देखते हुए व्यवस्थाओं पर विशेष ध्यान दिया गया। देर रात तक मंदिर परिसर में धार्मिक कार्यक्रम, भजन-कीर्तन और श्रीकृष्ण जन्मोत्सव से जुड़े आयोजन चलते रहे।
भगवान श्रीकृष्ण के जन्मोत्सव पर मंदिर में उमड़ी श्रद्धालुओं की भीड़ और धार्मिक आयोजनों ने दुर्गाकुंड क्षेत्र को भक्तिमय बना दिया। नगर आयुक्त द्वारा राधा-कृष्ण का पंचामृत अभिषेक किए जाने के साथ काशी की सुख-समृद्धि और जनकल्याण की प्रार्थना की गई।
